
Mumbai, 12 जनवरी। भाजपा नेता किरीट सोमैया ने शिवसेना (यूबीटी) के प्रमुख उद्धव ठाकरे पर ‘वोट जिहाद’ की राजनीति करने का आरोप लगाया है। सोमैया ने कहा कि ठाकरे की पार्टी मुस्लिम समुदाय के वोट हासिल करने के लिए भगवान श्रीराम का अपमान कर रही है।
समाचार एजेंसी से बातचीत करते हुए उन्होंने आरोप लगाया कि शिवसेना (यूबीटी) के कार्यक्रमों में राम मंदिर से जुड़े भजनों का उपयोग किया जाता है, जबकि राम की तुलना खान से की जाती है, जो कि बेहद आपत्तिजनक है। सोमैया ने यह भी कहा कि सत्ता में आने की लालसा में पार्टी के कार्यकर्ता यह कहते हैं कि यदि वे सरकार में आए तो मस्जिदों पर लाउडस्पीकर फिर से शुरू कर देंगे।
उन्होंने आगे कहा कि शिवसेना (यूबीटी) मुस्लिम आबादी के बढ़ने जैसे गंभीर मुद्दों पर एक शब्द नहीं बोलती और उनका प्रचार कथित तौर पर मुस्लिम-बांग्लादेशी समर्थन पर केंद्रित है। सोमैया ने तंज करते हुए कहा कि उद्धव ठाकरे को अब केवल अल्लाह ही बचा सकता है। उनका कहना था कि यह राजनीति न तो महाराष्ट्र के हित में है और न ही मुंबई के भविष्य के लिए सही है।
मनसे प्रमुख राज ठाकरे द्वारा उत्तर भारतीयों और बिहारियों को निशाना बनाए जाने के सवाल पर सोमैया ने कहा कि राज ठाकरे बांग्लादेशी मुद्दे पर चुप रहते हैं, इसलिए उनकी बातों पर ध्यान न देना बेहतर है। उन्होंने कहा कि राज ठाकरे ने मराठी समाज के लिए कुछ नहीं किया। मुंबई में मराठी आबादी 45 प्रतिशत से घटकर 35 प्रतिशत रह गई है, लेकिन इस पर ठाकरे बंधुओं ने कभी गंभीरता से बात नहीं की। ठाकरे बंधु केवल हिंदुओं पर हमला करते हैं और जो मराठी हिंदू उनके विचारों से सहमत नहीं होते, उन्हें धमकाने और मारपीट करने की घटनाएं सामने आती हैं।
सोमैया ने आरोप लगाया कि ठाकरे नेताओं ने कभी मुस्लिम बस्तियों में जाकर इस तरह की सख्त बातें नहीं की। उन्होंने कहा कि ठाकरे सेना की राजनीति मुंबई को मुसलमानों के हाथों बेचने की दिशा में जा रही है। उन्होंने जनता से अपील की कि भावनात्मक और विभाजनकारी राजनीति से ऊपर उठकर विकास की ओर देखना चाहिए और मुंबई तथा महाराष्ट्र के भविष्य के लिए सही विकल्प चुनना चाहिए।
अजीत पवार के महाविकास अघाड़ी में शामिल होने की अटकलों पर प्रतिक्रिया देते हुए सोमैया ने कहा कि महायुति पूरी तरह एकजुट है और सभी सहयोगी दल उसी में बने रहेंगे। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत तेजी से विकास की ओर बढ़ रहा है। उन्होंने यह भी कहा कि चुनावी माहौल में कभी-कभी नेताओं के बयान जरूरत से ज्यादा तीखे हो जाते हैं, लेकिन बाद में सब कुछ सामान्य हो जाता है। सोमैया ने विश्वास जताया कि महायुति एकजुट रहकर चुनाव लड़ेगी और जनता के समर्थन से जीत हासिल करेगी।

